🔴CSVTU के महिला सशक्तिकरण एवं स्टार्टअप अभिनंदन समारोह में 72 महिला समूहों को मिलेट हेल्थ कार्ट और 24 स्टार्टअप्स को ₹50 लाख की इग्निशन ग्रांट
दुर्ग, 09 सितंबर 2026। छत्तीसगढ़ स्वामी विवेकानंद तकनीकी विश्वविद्यालय (सीएसवीटीयू) भिलाई की ओर से भिलाई इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (बीआईटी), दुर्ग परिसर में ‘महिला सशक्तिकरण, उद्यमिता एवं स्टार्टअप अभिनंदन कार्यक्रम’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में कुलाधिपति एवं प्रदेश के राज्यपाल श्री रमेन डेका मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने 72 महिला स्व-सहायता समूहों को मिलेट हेल्थ कार्ट तथा 24 नवाचार आधारित स्टार्टअप्स को कुल 50 लाख रुपये की इग्निशन ग्रांट प्रदान की।
समारोह को संबोधित करते हुए राज्यपाल श्री रमेन डेका ने कहा कि नारी शक्ति और युवा नवाचार मिलकर नए छत्तीसगढ़ के निर्माण की मजबूत नींव रख सकते हैं। उन्होंने कहा कि यह आयोजन महिला सशक्तिकरण, पोषण सुरक्षा और स्वरोजगार के माध्यम से आत्मनिर्भर छत्तीसगढ़ की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।

मिलेट बनेगा महिलाओं की आर्थिक आत्मनिर्भरता का माध्यम
राज्यपाल ने कहा कि छत्तीसगढ़ की कृषि परंपरा में मिलेट यानी मोटे अनाज का विशेष महत्व रहा है। आज यही पारंपरिक ‘श्री अन्न’ पोषण के साथ-साथ आय और स्वरोजगार का नया माध्यम बन रहा है। महिला स्व-सहायता समूहों को मिलेट हेल्थ कार्ट देने के साथ उन्हें उत्पाद निर्माण, एफएसएसएआई मानकों, गुणवत्ता नियंत्रण, व्यवसाय प्रबंधन और मार्केटिंग का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि जब एक महिला आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनती है तो उसका परिवार मजबूत होता है और पूरे समुदाय में आत्मविश्वास बढ़ता है। पारंपरिक महिला कौशल को आधुनिक तकनीक, प्रशिक्षण, ब्रांडिंग और बाजार से जोड़कर ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति दी जा सकती है।
24 स्टार्टअप्स को 50 लाख की ग्रांट
राज्यपाल ने युवा नवाचारकर्ताओं को प्रोत्साहित करते हुए बताया कि 24 नवाचार आधारित स्टार्टअप्स को कुल 50 लाख रुपये की इग्निशन ग्रांट प्रदान की जा रही है। उन्होंने कहा कि नवाचार के रास्ते में असफलताएं स्वाभाविक हैं, लेकिन असफलताओं से सीखकर लगातार आगे बढ़ना ही सफल उद्यमी की पहचान है।
उन्होंने सीएसवीटीयू-फोर्टे (फाउंडेशन फॉर रूरल टेक्नोलॉजी एंड एंटरप्रेन्योरशिप) के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि यह संस्था भविष्य में ग्रामीण उद्यमिता, महिला स्वावलंबन और तकनीकी नवाचार का मजबूत केंद्र बन सकती है।

जन-जन तक पहुंचेगा मिलेट: विजय बघेल
सांसद विजय बघेल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहल पर वर्ष 2023 को अंतर्राष्ट्रीय मिलेट वर्ष के रूप में मनाया गया। उन्होंने कहा कि तकनीकी ज्ञान के साथ महिला समूहों को जोड़कर मिलेट आधारित उत्पादों को जन-जन तक पहुंचाने की दिशा में काम किया जाना चाहिए।
दुर्ग ग्रामीण विधायक ललित चंद्राकर ने कार्यक्रम को विकसित भारत के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण शुरुआत बताया। उन्होंने कहा कि स्व-सहायता समूहों के माध्यम से महिलाएं आर्थिक रूप से मजबूत हो रही हैं, जबकि स्टार्टअप के माध्यम से युवाओं में आत्मनिर्भर बनने का विश्वास बढ़ा है।

वैशाली नगर विधायक रिकेश सेन ने कहा कि स्टार्टअप योजना छत्तीसगढ़ के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। महापौर अल्का बाघमार और सहकार भारती के कलीराम शर्मा ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया।
कार्यक्रम की शुरुआत सीएसवीटीयू के कुलपति डॉ. अरुण अरोड़ा के स्वागत उद्बोधन से हुई। उन्होंने आयोजन के उद्देश्यों के साथ महिला सशक्तिकरण, उद्यमिता विकास और नवाचार के महत्व पर प्रकाश डाला। समारोह में विश्वविद्यालय से संबद्ध महाविद्यालयों के प्राध्यापक, गणमान्य नागरिक, महिला स्व-सहायता समूहों की सदस्याएं और बड़ी संख्या में युवा उपस्थित रहे।


