चाहे वह भीख मांग कर खाने वाले हों या फिर फेरी वाला-सबके लिए मुसीबत बनी बच्चा चोर गिरोह की अफवाह

चाहे वह भीख मांग कर खाने वाले हों या फिर फेरी वाला-सबके लिए मुसीबत बनी बच्चा चोर गिरोह की अफवाह



🟢 भिलाई-3 चरोदा में तीन साधुओं को ग्रामीणों ने पीटा, दर्ज हुआ मामला
भिलाई नगर, 6 अक्टूबर। सोशल मीडिया पर बच्चा चोर गिरोह की तस्वीरें और धडा़धड़ विडियो वायरल करने का दौर गली मोहल्ले में अनजान लोगों की आमद को लेकर खतरा सा बनता जा रहा है। हर अनजान लोगों को स्थानीय लोग इस अंजाने भय की वजह से संदेह भरी नजरों से न केवल देख रहे हैं बल्कि कई जगह इसी आशंका से शिकार लोगों ने मारपीट तक की है बहरहाल अफवाह का कोई ओर छोर नहीं होता फिर भी यह बच्चा चोरों की बात जंगल में आग की तरह फैल गई है जिसका दुष्परिणाम बुरा भी हो सकता है। खासकर उन लोगों के लिए जो कि अनजाने मोहल्ले में किसी आवश्यक काम की वजह से उधर का रूख कर बैठे हैं।


दुर्ग जिले के भिलाई,-3 थाना क्षेत्र स्थित चरोदा इलाके में 3 साधु गांव में भिक्षा मांगने पहुंचे थे। इसी दौरान स्थानीय लोगों ने उन्हें बच्चा चोर समझकर जमकर पिटाई कर दी। कुछ लोगों ने बच्चा चोर पकड़े जाने की शिकायत पुलिस से की उसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने साधुओं को ग्रामीणों के चंगुल से मुक्त कराया। हालांकि तब तक साधुओं की जमकर पिटाई हो चुकी थी।


गौरतलब हो कि जिले में इन दिनों बच्चा चोर गिरोह घूमने की अफवाह फैली हुई है लेकिन जिले में अभी तक बच्चा चोरी का एक भी मामला पकड़ा नहीं गया है। ऐसे में गांवो में घूमने वाले फेरी वाले या फिर भीख मांगने वाले के लिए यह उड़ती खबर मुसीबत बन गई है क्योंकि स्थानीय लोग अनजाने लोगों की आमद को बच्चा चोर समझने की शंकावश तफ्तीश करने लगे हैं।


चाहे वह भीख मांग कर खाने वाले हों या फिर फेरी वाला, ऐसे में इस अफवाह के चलते किसी की जान भी जा सकती है क्योंकि सोशल प्लेटफार्म पर पूरे छत्तीसगढ़ में लगभग 500 लोगों का गिरोह घूमने की खबर भरे विडियो, तस्वीरें और संदेश वाट्सअप, फेसबुक, इंस्टाग्राम सहित अन्य सोशल प्लेटफार्म पर फारवर्ड कर रहे हैं।


चरोदा क्षेत्र की घटना में मौके पर पहुंची पुलिस ने साधुओं को ग्रामीणों के चंगुल से मुक्त कराया और उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां मरहम पट्टी और इलाज के बाद उन्हें डिस्चार्ज कर दिया गया है। तीनों साधुओं में राजवीर सिंह अमन सिंह एवं श्याम सिंह अलवर राजस्थान के रहने वाले हैं । तीनों ही साधु पुलिस को अपनी पहचान का कोई भी प्रमाण पत्र पेश नहीं कर पाए हैं इस कारण से पुलिस तीनों को संदिग्ध मान रही है जबकि इन तीनों ही साधुओं को जमकर पीटने एवं कानून को हाथ में लेने वाले ग्रामीणों के खिलाफ अपराध क्रमांक 455 / 22 147 294 323 506 के तहत एफआईआरदर्ज की है।
इस पूरे मामले में दुर्ग एसपी अभिषेक पल्लव ने लोगों से ऐसी अफवाहों से बचने की अपील की है। कुछ दिन पहले भखारा थाना क्षेत्र के ग्राम गातापार में बच्चा चोर समझकर भिक्षा मांगने आए 4 साधुओं की ग्रामीणो ने पिटाई कर दी और उन्हें पुलिस के हवाले किया। अर्जुनी थाना क्षेत्र के उडेना और झरिया गांव में भीख मांगने के लिए भटगांव देवार डेरा से चार महिला और एक पुरूष गए थे, जिन्हें बच्चा चोर समझकर ग्रामीणों ने जमकर पिटा। पुलिस ने सभी संदिग्धों पर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई कर जेल भेज दिया है। हालांकि भानुप्रतापपुर थाना क्षेत्र में पुलिस ने कुछ लोगों को घेराबंदी करके पकड़ा है, इनके पास से 3 बच्चे भी बरामद किए गए हैं।