जिला अस्पताल दुर्ग से दरमियानी रात फरार हुए विचाराधीन बंदी भिलाई से किया गया गिरफ्तार, विगत 10 दिनों से भर्ती था अस्पताल में
दुर्ग 22 मई । जिला अस्पताल दुर्ग के आइसोलेशन वार्ड के शौचालय के रोशनदान से कूदकर दरमियानी रात्रि फरार विचाराधीन बंदी को आज गिरफ्तार कर लिया गया है। हत्या के प्रयास में केंद्रीय जेल दुर्ग में निरुद्ध विचाराधीन बंदी को यूरिन इंफेक्शन के कारण 13 मई को इलाज के लिए जिला अस्पताल दुर्ग में भर्ती कराया गया था ।

दुर्ग कोतवाली पुलिस के मुताबिक प्रार्थी विजय कुमार वर्मा 34 वर्ष केन्द्रीय जेल दुर्ग में प्रहरी के पद पर पदस्थ है। थाना भिलाई नगर के अपराध क्रमांक 340/2020 धारा 307, 34 भारतीय दंड विधान में विचारधीन बंदी ए जानपाल ऊर्फ डी के पिता स्व ए नागेश्वर राव उम्र करीबन 25 साल निवासी क्वाटर नंबर 4 ए सडक नंबर 56 सेक्टर 06 थाना भिलाई नगर केन्द्रीय जेल दुर्ग में निरूद्ध था। जो यूरीन में इन्फेक्शन होने से 13 मई से शासकीय जिला अस्पताल दुर्ग के मेल सर्जिकल वार्ड में भर्ती था । 21 एवं 22 मई की दरमियानी रात्रि 01.30 बजे लगभग शौच जाने को कहा । मेल सर्जिकल वार्ड में शौचालय नही होने से आईशोलेशन वार्ड के शौचालय में विचाराधीन बंदी ए जानपाल ऊर्फ डी के जेल प्रहरी विजय कुमार वर्मा हथकडी क्रमांक S2 एवं जंजीर लगाकर ले गया । अन्य 02 कैदियों के सुरक्षा हेतु प्रहरी कमल सिदार वार्ड में था। विजय बाथरूम के बाहर खडा था । 10 मिनट बाद दरवाजा खटखटाया बाथरूम के अंदर से किसी प्रकार का जवाब नही आने पर विजय ने दरवाजा को धक्का दिया कुंदा निकल गया देखा तो बंदी ए जॉन पाल उर्फ डीके नही था। बाथरूम में लगे रोशनदान के जाली को निकालकर चकमा देकर फरार हो गया। जिसका आसपास पता तलाश किया कोई पता नही चला। विजय कुमार वर्मा की रिपोर्ट पर से दुर्ग कोतवाली पुलिस के द्वारा ए जानपाल ऊर्फ डीके के खिलाफ अपराध क्रमांक 586/22 भा द वि की धारा 224 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया है।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संजय ध्रुव ने बताया कि दरमियानी रात्रि केंद्रीय जेल से फरार विचाराधीन बंदी ए जानपाल को आज भिलाई आते हुए टाउनशिप क्षेत्र में धर दबोचा गया।

