भिलाई नगर 9 अक्टूबर । घर की देखरेख करने के लिए विश्वास में पड़ोसी को 2 साल पहले चाबी दी थी परंतु पड़ोसी महिला के द्वारा चाबी वापस कर देने का झूठ बोलकर चाबी रख ली थी । समय-समय पर लगातार 2 साल तक नकदी रुपए महिला चुराती रही परंतु देवी दर्शन के लिए मित्तल दंपत्ति के डोंगरगढ़ जाने पर 8 तोले सोने के जेवर में हाथ साफ करने के कारण पकड़ी गई । रिपोर्ट के चंद घंटों में ही स्मृति नगर पुलिस के द्वारा महिला को गिरफ्तार कर 8 तोले सोने के जेवर कीमती चार लाख जप्त किया गया है।

स्मृति नगर चौकी प्रभारी युवराज देशमुख ने बताया कि प्रार्थी सागर मित्तल पिता सोमनाथ मित्तल उम्र 28 साल निवासी सडक नं. 25 श्री श्याम वाटिका स्मृतिनगर ने आज दोपहर को 1:15 बजे रिपोर्ट दर्ज कराया कि इसके माता पिता चौहान टाउन में किराना के दुकान मे थे तथा यह अपनी पत्नि के साथ डोंगरगढ़ मंदिर दर्शन करने 8 अक्टूबर को दोपहर 3:00 बजे से गया था जो रात्रि में 11.00 बजे करीब वापस घर आने पर देखे उपर बेडरूम का आलमारी का दराज का लॉक टुटा हुआ है। अज्ञात चोर 1 नग सोने का नेकलेस कान टाप्स सहित वजनी 40 ग्राम करीब एक सोने का चैन 20 ग्राम करीब, सोने का लाकेट 5 ग्राम करीब, तीन नग सोने की लेडिस अंगूठी 15 ग्राम करीब कीमती 4,00,000 रू लगभग को चोरी कर ले गया । रिपोर्ट पर अपराध धारा 457,380 भादवि का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। विवेचना के दौरान सामने के मकान में रहने वाली निर्मल कौर को उसके मकान के पास शाम को देखना बताये पर महिला को अभिरक्षा में लेकर पूछताछ किया गया । जिन्होने अपराध स्वीकार करते हुये बतायी कि दो वर्ष पूर्व प्रार्थी की माता चाबी दी थी। चाबी मिलने के बाद से अक्सर घर में प्रवेश करती थी और नगदी रुपए भी चुराती रही है । कल मेन गेट का लॉक को खोलकर अंदर प्रवेश कर उपर के रूम से आलमारी का दराज को तोडकर सोने का जेवरात एक जोड सोने का नेक्लेस टाप्स सहित एक सोने का चैन लॉकेट सहित एवं तीन नग अगुठी सोने का चोरी कर अपने मकान के दीवान के अंदर छीपा कर रखी थी । जिसे पुलिस ने बरामद किया गया कि आरोपियों निर्मलकौर पति स्व इन्दरजीत कौर उम्र 60 साल सड़क नं. 25 श्री श्याम वाटिका स्मृतिनगर को विधिवत गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय पेश कर न्यायिक रिमाण्ड हासिल किया गया है।उपरोक्त कार्यवाही चौकी प्रभारी स्मृतिनगर युवराज देशमुख, सउनि राजेन्द्र देशमुख आरक्षक आत्मानंद कोसरे मनीष थापा महिला आरक्षक नम्रतासिंह की भूमिका सराहनीय रही।

