भिलाई नगर, 01 जून। शासकीय बाल गृह दुर्ग से बीती रात एक 13 साल का लड़का भाग गया और जब बाल गृह में तैनात लोगों से पुलिस ने पूछा तो उन्होंने कहा कि उनके यहां सभी बच्चे मौजूद हैं, कोई नहीं भागा। दरअसल कुछ युवकों ने देर रात लावारिस घूमते बालक को देख पद्मनाभपुर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने बच्चे को बाल गृह लाया तो उसे देखते ही वार्डन को मानों सांप सूंघ गया।
आपको बता दें कि बाल गृह में पिछले तीन वर्ष से रह रहा यह बालक कल रात आसानी से निकल भागा और सुरक्षा में तैनात कर्मियों और वार्डन को इसकी भनक तक नहीं थी। फिर नाबालिग इस बालक को संदिग्ध रूप से अकेले घूमता देख कुछ युवकों ने इसकी सूचना पद्मनाभपुर पुलिस को दी। वहां से एक पेट्रोलिंग गाड़ी पहुंची और बच्चे को लेकर शासकीय बाल गृह दुर्ग आई। यहां पहुंचने पर सुरक्षा में तैनात लोगों ने कहा कि उनके यहां से कोई बच्चा नहीं भागा है, सभी बच्चे अपने कमरे में हैं। अधीक्षिका श्रीमती मंजू शुक्ला को भी बच्चे के भाग जाने की जानकारी नहीं थी। जब बाल गृह स्टाफ को लड़के की फोटो दिखाई गई तो सभी हड़बड़ा गए।आनन फानन में बच्चे को बाल गृह में वापस भेजा गया।
नजर बचा निकल गया, बालक ऐसा है नहीं – मंजू शुक्ला
शासकीय बाल गृह अधीक्षिका मंजू शुक्ला ने CGNewsonline को बताया कि कल रात पिछले चार वर्ष से रह रहा एक बालक सुरक्षा स्टाफ की नजर बचा निकल गया था। दरअसल ये घुमंतू बालक होते हैं इन्हें सुधार कर इनकी ऊर्जा सही दिशा में ले जाने का प्रयास किया जाता है। कल निकले बालक के संबंध में उन्होंने बताया कि वह शार्प माइंडेड है, हमारा प्रयास है कि उसे खेलकूद या अन्य गतिविधियों में इन्वाल्व करें। कल रात अन्य बच्चे ने उसे चिढ़ाया तो वह नजर बचा निकल गया जबकि उसकी आदत भाग जाने जैसी कभी नहीं रही।
बाल गृह से भागे बच्चे ने पूछने पर बताया कि उसके पिता नहीं हैं। एक अपराध के चलते उसके पापा ही उसे यहां छोड़कर चार साल पहले गए थे। यहां उसे हॉस्टल में बाकी बच्चे काफी चिढ़ाते थे। उसने इसके बारे में कई बार वहां के स्टाफ और अधीक्षिका से शिकायत की लेकिन उन्होंने भी उस पर कोई ध्यान नहीं दिया। इससे तंग आकर वो वहां से भागकर अपने घर कोलकाता जा रहा था।

