स्टारलिंक ब्रॉडबैंड की सेवाएं पहुंची दुनिया के 125 देशों तक…

स्टारलिंक ब्रॉडबैंड की सेवाएं पहुंची दुनिया के 125 देशों तक…


सीजी न्यूज ऑनलाइन 26 मार्च। Starlink हिंदुस्तान में अपनी सैटेलाइट ब्रॉडबैंड सर्विस को लॉन्च करने के लिए तैयार है. जल्द ही एलन मस्क की कंपनी को गवर्नमेंट की तरफ से रेगुलेटरी अप्रूवल मिल सकता है. यही नहीं, हिंदुस्तान में स्टारलिंक ने अपने इक्विपमेंट्स बेचने के लिए जियो और एयरटेल के साथ पिछले दिनों साझेदारी की है. हिंदुस्तान के अतिरिक्त Starlink कई और राष्ट्रों में अपने पैर पसारने की तैयारी में है. फिलहाल स्टारलिंक ब्रॉडबैंड की सेवाएं दुनिया के 125 राष्ट्रों तक पहुंच गई है और उसके 7 मिलयन से अधिक यूजर्स भी हैं.

स्टारलिंक को आने वाले समय में चीन की सैटेलाइट ब्रॉडबैंड कंपनियां Eutelsat और SpaceSail से कड़ी भिड़न्त मिल सकती है. ये चीनी कंपनियां फिलहाल ब्राजील, मलेशिया और कजाकिस्तान में एंट्री को तैयार हैं. एलन मस्क की कंपनी स्टारलिंक का टारगेट हर वर्ष कम से कम 1 मिलियन नए यूजर्स को जोड़ना है. हिंदुस्तान में सर्विस प्रारम्भ होने के बाद कंपनी के इस टारगेट को बड़ा बूस्ट मिल सकता है. हालांकि, ऐसी संभावना जताई जा रही है कि चीनी कंपनियां स्टारलिंक के लिए नया हर्डल पैदा कर सकती हैं.

भारत में भी स्टारलिंक को सैटेलाइट ब्रॉडबैंड सर्विस के लिए एयरटेल और जियो के साथ-साथ अमेजन कूपियर और भारत संचार निगम लिमिटेड की सैटेलाइट सर्विस से चुनौती मिल सकती है. दूरसंचार नियामक जल्द ही सैटेलाइट सर्विसेज के लिए स्पेक्ट्रम का आवंटन कर सकती है. इसके लिए स्टेकहोल्डर्स और एक्सपर्ट्स से फीडबैक लेने का काम लगभग पूरा हो चुका है.

2022 से है इंतजार


स्टारलिंक अपने SpaceX सैटेलाइट के जरिए ब्रॉडबैंड सर्विस उपलब्ध कराता है. धरती के लोअर ऑर्बिट में उपस्थित सैटेलाइट के जरिए हाईस्पीड इंटरनेट सर्विस एक्सेस की जा सकती है. 2022 से ही स्टारलिंक हिंदुस्तान में अपनी सर्विस लॉन्च करने का प्रतीक्षा कर रहा है. हिंदुस्तान गवर्नमेंट द्वारा रेगुलेटरी अप्रूवल मिलने और स्पेक्ट्रम अलोकेशन के साथ ही स्टारलिंक अपनी सर्विस हिंदुस्तान में लॉन्च कर देगा. एयरटेल और जियो के साथ पार्टनरशिप करने के बाद स्टारलिंक को हिंदुस्तान में रेगुलेटरी अप्रूवल जल्द मिलने की आसार जताई जा रही है.