भिलाई नगर 19 नवंबर। बीएसपी अनाधिशासी कर्मचारी संघ ने सेल को ग्रेट प्लेस टू वर्क घोषित करने के लिए हो रहे सर्वे की प्रक्रिया में सुधार करने, पारदर्शिता रखने तथा कर्मचारियों से जुड़े प्रश्नो को स्थान देने के लिए निगमित कार्यालय के अधिशासी निदेशक एचआर तथा सर्वे एजेंसी “ग्रेट प्लेस टू वर्क ” के फाउंडर डायरेक्टर को पत्र लिखा है ।
गौरतलब है कि सेल प्रबंधन द्वारा 30 अक्टूबर 2024 को जारी सर्कुलर के तहत सेल कार्मिको से ग्रेट प्लेस टू वर्क का सर्वे कराने के लिए गाईडलाईन जारी किया गया है । सेल में कार्यपालक अधिकारी, गैर कार्यपालक कर्मचारी तथा ठेका श्रमिक तीन समूह के कार्मिक कार्यरत है । तीनो समूहो का सर्विस कंडिशन, वेज रीविजन, श्रम कानून, कार्य की प्रकृति अलग अलग है ।
सेल में कार्यरत गैर कार्यपालक कर्मचारी स्टैण्डिंग ऑर्डर के तहत शासित होते है । अतः उनसे जुड़े प्रत्येक निर्णय मे मान्यता प्राप्त यूनियनो की सहमती तथा भूमिका होती है । सेल गैर कार्यपालक कर्मचारियों के सेवा शर्तो, स्टैण्डिंग ऑर्डर 1947 के हिसाब से कार्य संचालन, फैक्ट्री एक्ट 1948 के हिसाब से सुविधा दी जानी है , परंतु भिलाई इस्पात संयंत्र में कई सुविधाओं का अभाव है ।
यूनियन द्वारा सर्वे हेतु दिए गए सुझाव तथा प्रश्न
1 . सर्वे एजेंसी की विश्वसनियता तथा सरकार से जारी प्रमाणपत्र ।
2 . टास्क फोर्स में सर्वे एजेंसी , मैनेजमेंट के अधिकारी तथा सभी यूनियनो के दो दो पदाधिकारी रखा जाय ताकि सर्वे प्रक्रिया पूर्णतः पारदर्शी हो।
3 . सर्वे में सभी कार्मिको की भागिदारी सूनिश्चित की जाय । कुछ लोगो की राय को सभी कार्मिको की राय नही बनाया जाय ।
सेल गैर कार्यपालक कर्मचारियो के लिए सर्वे प्रश्नो को उनके मुद्दे के हिसाब से सेट किया जाय जो कि निम्नलिखित है
1 . वेज रीविजन में पारदर्शिता रखी जाती है या नही ।
2 . कर्मचारियो के वास्तविक प्रतिनिधि ही मैनेजमेंट के साथ कमेटी साझा करते है या नही ।
कर्मचारियो को अपना प्रतिनिधि चुनने का विकल्प दिया जाता है या नही
3 . कारखाना अधिनियम 1946 के हिसाब से कैंटीन व्यवस्था संचालित है या नही ।
4 . कार्यस्थल पर सभी सुरक्षा उपकरण दिए जाते है या नही ।
5 . कर्मचारियों के रेस्टरुम नियमानुसार बनाए गए है या नही ।
6 . कर्मचारियों के आवास , वर्तमान समय के हिसाब से बने हुए है या नही ।
7 . आवासो का अनुरक्षण सही है या नही
8 . कर्मचारियों के साथ अधिकारीगणो का नियमानुसार व्यवहार रहता है या नही ।
9 . कर्मचारियों तथा उनके आश्रितो को नियमानुसार स्वास्थ्य व्यवस्था देना तथा व्यवहार सही है या नही
10 . कर्मचारियों के बच्चो हेतु शिक्षा के लिए सब्सिडी युक्त विद्दालय है या नही ।
11 . कर्मचारी अपने प्रबंधन से खुश है या नही ।
12 . सर्वे रिपोर्ट के आधार पर सुधार हेतु उठाए गए कदमो का अवलोकन किया गया या नही
उमाकांत कन्हाई उपाध्यक्ष , बीएकेएस भिलाई ने कहा कि बगैर कर्मचारी संतुष्टी का “ग्रेट प्लेस टू वर्क” छोड़िए , नॉर्मल प्लेस टू वर्क ” भी कंपनी घोषित नही कर सकती है ।
अजय रत्न वासनीक सचिव बीएकेएस भिलाई अधूरा वेज रीविजन, बकाया एरियर, कर्मचारियों पर किया गया अत्याचार , श्रम कानूनो का खुला उल्लंघन आदि कारणो के बाद भी “कंपनी को ग्रेट प्लेस टू वर्क” घोषित करना सवालो के घेरे में है ।
सर्वे एजेंसी की पुरानी टीम को सर्वे कंपनी से हटा दिया गया है। उनका खुद का विवाद चल रहा है । बगैर जमीनी सच्चाई जाने ही कंपनी को ग्रेट प्लेस टू वर्क का सर्टिफिकेट देना कही से ठीक नही है ।

