Maha Kumbh 2025: ममता कुलकर्णी पर विवाद बढ़ा

Maha Kumbh 2025: ममता कुलकर्णी पर विवाद बढ़ा


🛑 हिमांगी सखी बोलीं- ‘उनका D कंपनी से कनेक्शन रहा, जेल भी गईं’

सीजी न्यूज ऑनलाइन 26 जनवरी । हिमांगी सखी ने ममता कुलकर्णी को महामंडलेश्वर बनाने पर कड़ी आपत्ति जताई और कहा कि जिनका संबंध डी कंपनी के साथ रहा है उन्हें कैसे दीक्षा दी जा सकती है.

महाकुंभ में बॉलीवुड एक्ट्रेस ममता कुलकर्णी को महामंडलेश्वर बनाए जाने पर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है. किन्नर अखाड़े की महामंडलेश्वर हिमांगी सखी ने अखाड़े के इस फैसले पर फिर से सवाल उठाए और कहा कि ममता कुलकर्णी का डी कंपनी से कनेक्शन रहा है. ऐसे में बिना उसकी जांच पड़ताल किए उन्हें महामंडलेश्वर क्यों बनाया गया. उन्होंने कहा कि किन्नर अखाड़ा किन्नरों के लिए फिर इसमें एक स्त्री को जगह क्यों दी गई.

हिमांगी सखी ने सवाल किया कि किन्नर अखाड़ा किसके लिए बनाया गया था? किन्नरों के लिए और अब इसमें एक महिला को स्थान दे दिया. मैं कहती हूं कि अगर किन्नर अखाड़े में आप महिला को स्थान देने लगे हैं तो इसका नाम बदल दीजिए कोई दूसरा नाम रख लीजिए.

ममता कुलकर्णी के डी कंपनी से संबंधों पर सवाल
हिमांगी सखी ने कहा ममता कुलकर्णी जैसी फिल्म स्टार जिनका संबंध डी कंपनी के साथ है जो ड्रग्स के आरोप में जेल में भी गई है. पूरी दुनिया जानती है इस बात को, बावजूद इसके आप उन्हें दीक्षा देते है महामंडलेश्वर के पद पर बिठाते हैं. बिना कोई शिक्षा दिए. किसी को आप दीक्षा देकर इतने बड़े पद पर बिठा देते हैं आप समाज को क्या दे रहे हैं. कौन सा गुरु समाज को आप दे रहे हैं मैं जानना चाहती हूं. उन्होंने कहा कि मैं अपने संतों का या अपने समाज का विरोध क्यों करूंगी लेकिन, आईना तो दिखाना पड़ेगा.

हिमांगी सखी ने कहा कि अगर आप गलत है तो आपको भी आइना तो दिखाना पड़ेगा कि आपने उन्हें महामंडलेश्वर बना दिया. क्या वजह थी कि आपने उन्हें महामंडलेश्वर बना दिया, पट्टाभिषेक कर दिया, मुंडन तक नहीं किया बस चोटी काट दी. ये कोई वजह है संन्यास दीक्षा की. सबसे पहले उनका इतिहास देखा जाना चाहिए था. डी कंपनी के साथ उनके संबंध रहे. अचानक से वो भारत में आती है वीडियो वायरल होते हैं, अचानक कुंभ में प्रवेश कर जाती है. अचानक से प्रकट हो जाती है और महामंडलेश्वर का पद भी मिल जाता है. इसके पीछे का तथ्य क्या हैं ये जाँच का विषय हैं मैं इसकी कड़ी निंदा करती हूं.

अखाड़े के फैसले पर उठाए सवाल


उन्होंने इसे पब्लिसिटी स्टंट बताया और कहा कि अखाड़ा पब्लिसिटी के लिए कुछ भी कर सकता है मैं इसकी घोर निंदा करती हूं. ममता कुलकर्णी की बिना छानबीन किए और बिना शिक्षा दिए महामंडलेश्वर बना दिया है. आप समाज को कौन सा गुरु दे रहे हैं. क्या आज ऐसे गुरु प्रकट हो गए हैं जो गुरु कहने के योग्य नहीं है. मुझे कहना पड़ रहा है कि समाज अंधकार की ओर जा रहा है. अब शिक्षित गुरु नहीं रह गए हैं. दीक्षित गुरु रह गए है कि वो समझते हैं कि संख्या बढ़नी चाहिए और कुछ नहीं.