सीजी न्यूज़ ऑनलाइन, 18 फरवरी। राज्य शासन ने कोंडागांव के श्रम निरीक्षक सुरेश कुर्रे को नौकरी से बर्खास्त कर दिया है। कुर्रे को 7 वर्ष पूर्व 2019 में रिश्वत लेते एसीबी ने गिरफ्तार किया गया था। इस पर विशेष न्यायाधीश एसीबी द्वारा 26 नवंबर 25 को दोष सिद्ध कर तीन साल के सश्रम कैद की सजा सुनाई है। इसे कदाचरण मानकर अपर आयुक्त श्रम ने कुर्रे को डिसमिस कर दिया है।
मामले का संक्षिप्त विवरण
शिकायतकर्ता रमेश कुमार यादव, निवासी ग्राम बूढ़ाडांड़ बगीचा, जिला जशपुर, ने 26 सितंबर 2019 को एंटी करप्शन ब्यूरो, बिलासपुर में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया कि उनकी संस्था छत्तीसगढ़ अभिनन्दन एजुकेशनल एंड सोशल वेलफेयर सोसायटी ने लगभग 320 लोगों को मेशन जनरल और असिस्टेंट इलेक्ट्रिशियन कोर्स में प्रशिक्षण दिया था। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद, संस्था ने 6,37,000 रुपये का बिल भुगतान हेतु प्रस्तुत किया। शिकायत में उल्लेख था कि श्रम निरीक्षक सुरेश कुर्रे ने बिल बनवाने और चेक में हस्ताक्षर करवाने के एवज में 1 लाख रुपये की रिश्वत की मांग की थी। बाद में, आरोपी ने राशि बढ़ाकर 1 लाख 90 हजार रुपये कर दी और यह दावा किया कि वह यह पैसा जावा मोटरसायकल खरीदने के लिए लेगा।

