मायावती को हराने वाले को कांशीराम का परिवार देगा पूर्ण समर्थन, बयान बाद बसपा की बढ़ी मुश्किलें
उत्तर प्रदेश, 26 नवंबर। यूपी में अगले वर्ष 403 सीटों पर होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए एक तरफ जहां नेता अपना पाला बदल रहे हैं वहीं आरोप-प्रत्योराप का दौर भी जोरों पर है। इस बीच स्व. कांशीराम के परिजनों के आए हालिया बयान ने बसपा प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री मायावती की मुश्किलें बढा़ दी हैं। खबर है कि बहुजन समाज पार्टी के संस्थापक दिवंगत कांशीराम के घरवालों ने विधानसभा चुनाव में वो मायावती को हराने वाले हल शख्स को समर्थन देंगे। बसपा संस्थापक की छोटी बहन और भतीजे ने पूर्व सीएम पर पार्टी को हड़पने का आरोप लगाया है। दोनों शुक्रवार को संविधान दिवस के मौके पर पूर्व विधायक सावित्री बाई फुले द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए लखनऊ आए हैं और इस कार्यक्रम में कांशीराम की बहन स्वर्ण कौर ने कहा कि मायावती ने उस बसपा पार्टी को खत्म कर दिया है जिसे कांशीरामजी ने बड़ी मेहनत से खड़ा किया था। मायावती ने पार्टी को पारिवारिक उद्यम में बदल दिया है। इतने वर्षों में मायावती ने गरीबों के लिए कुछ भी नहीं किया है। स्वर्ण कौर ने कहा कि उनके परिवार का किसी पॉलिटिकल पार्टी से कोई संबध नहीं है। उनके भतीजे लखबीर सिंह ने बताया कि वे गुरुवार को लखनऊ में कांशीराम स्मारक गए थे। बसपा संस्थापक के साथ मायावती की मूर्ती देखकर उन्हें बहुत दुःख हुआ। लखबीर ने कहा कि मायावती ने पार्टी में कब्जा कर प्राइवेट लिमिटेड फर्म बना दिया है इसलिए कांशीराम परिवार आगामी चुनाव में उसे ही समर्थन देगा जो बसपा को हरा सकता है। हम पंजाब में भी बहुजन समाज पार्टी के खिलाफ प्रचार करेंगे।

