सफाई ठेके की 15 दिन में जांच कमेटी सौपे रिपोर्ट, सभी जांच अधिकारियों के खिलाफ होगा सत्याग्रह, दोषियों को बचाने का प्रयास किया तो कोर्ट जाएंगे रिकेश सेन
भिलाई नगर 4 अक्टूबर । नगर निगम सफ़ाई मामले को लेकर आज भी पूर्व नेता प्रतिपक्ष रिकेश सेन ने डिप्टी कमिश्नर को ज्ञापन सौपा। ज्ञापन सौंप कर मांग की है कि सफाई के नाम पर हुए भ्रष्टाचार की जांच कमेटी जल्द से जल्द दोषियों के खिलाफ जांच करे और रिपोर्ट सौपे। 15 दिन के भीतर यदि जांच पूरी कर रिपोर्ट नहीं सौपी गई तो सभी जांच अधिकारी के खिलाफ वे सत्याग्रह करेंगे। भ्रष्टाचार करने वाले दोषियों को बचाने का प्रयास किया गया तो वे शांत नहीं बैठेंगे। इस बार वे सीधे न्यायालय का दरवाजा खटखटाएंगे ।इस पर डिप्टी कमिश्नर नरेन्द्र बंजारे ने आस्वाशन दिलाया कि वे पूरी सख्ती और ईमानदारी से मामले की जांच करेंगे।

रिकेश सेन ने बताया कि नगर पालिक निगम भिलाई के द्वारा शहर को साफ-सुथरा रखने टैण्डर निकाला गया, जिसमें प्रतिमाह साफ-सफाई रखने हेतु लगभग एक करोड़ 90 लाख रुपये का टैण्डर किया गया, जिसमें नेचर ग्रीन नामक कंपनी को टैण्डर दिया गया। नेचर ग्रीन ऐसी कंपनी है जिसके पास लेबर लायंसेस भी नहीं है न ही श्रम विभाग छ.ग. से संबंधित कोई भी दस्तावेज इस कंपनी के पास नहीं था। उसके बावजूद भी कुछ अधिकारियों की मिलीभगत से नगर पालिक निगम भिलाई को आर्थिक क्षति पहुंचाने एवं अपने लाभ के लिये संबंधित कंपनी को ठेका दे दिया गया है। श्रम आयुक्त ने निगम प्रशासन को पत्र लिखकर तत्काल भुगतान रोकने को कहा है। लेकिन उसके बावजुद निगम प्रशासन ने श्रम आयुक्त के पत्र को दरकिरार कर लगातार संबंधित कंपनी को भुगतान किया रहा है। इसके अलावा सफाई कर्मचारियों के पी.एफ., आई.पी. एड्रेस से संबंधित कई भ्रष्टाचार लगातार किया जा रहा है। लगातार हो रहे सफाई ठेके में अनियमितता की जा रही है और सफाई के नाम पर मिलाई निगम में भारी भ्रष्टाचार का खेल खेला जा रहा है। जिससे यह प्रतीत होता है कि कुछ अधिकारी कर्मचारी मिलकर निगम को आर्थिक क्षति पहुंचाने का काम कर रहे हैं।

