भिलाई नगर, 21 जुलाई 2026। भिलाई ट्विन सिटी सेक्टर-6 ए मार्केट स्थित गुंडिचा मंडप में भगवान श्रीजगन्नाथ की रथयात्रा के पांचवें दिन ‘हेरा पंचमी’ का पर्व धार्मिक आस्था और पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ मनाया गया। इस अवसर पर सुबह भगवान श्रीजगन्नाथ का विधि-विधान से पूजन कर उन्हें सुगंधित फूलों से सजाया गया तथा विशेष श्रद्धा वेश धारण कराया गया। वहीं रात 8 बजे माता लक्ष्मी का गुंडिचा मंदिर में आगमन हुआ।
हेरा पंचमी के अवसर पर देवी लक्ष्मी की पालकी यात्रा निकाली गई। मंदिर पहुंचने पर पुजारियों ने भगवान जगन्नाथ और माता लक्ष्मी की विशेष पूजा-अर्चना कर आरती उतारी। धार्मिक मान्यता के अनुसार माता लक्ष्मी भगवान जगन्नाथ से श्रीमंदिर लौटने का आग्रह करती हैं, जिसके प्रतीक स्वरूप भगवान उन्हें सहमति की माला भेंट करते हैं।
रथ तोड़ने की अनूठी परंपरा का हुआ निर्वहन
आयोजन के दौरान हेरा पंचमी की प्राचीन परंपरा का भी निर्वहन किया गया। मान्यता के अनुसार भगवान जगन्नाथ के वादा निभाकर वापस नहीं लौटने से क्रोधित माता लक्ष्मी प्रतीकात्मक रूप से उनके रथ के एक हिस्से को तुड़वाती हैं। इस अनूठे धार्मिक अनुष्ठान को देखने बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे और परंपरा का साक्षी बने।
इस वर्ष हेमंत विशाल की पोती सानवी विशाल ने माता लक्ष्मी की भूमिका निभाई, जिसकी श्रद्धालुओं ने सराहना की।
आयोजन समिति ने बताया कि श्रद्धालुओं के लिए हांडी प्रसाद भोग की व्यवस्था की गई है, जिसके लिए रसीद प्राप्त कर प्रसाद ग्रहण किया जा सकता है।
कार्यक्रम में पंडित तुषार महापात्र, अध्यक्ष दिलीप महंती, महासचिव अरुण, पर्व प्रभारी संजय साहू, शरद विशाल, नीलमणि नायक, सन्यास साहू, शशिभूषण महंती, प्रशांत सामल, हरि रावत, रवि साहू, रविंद्र मुनि, जितेंद्र भूइयां, राजीव भूइयां, सुभाष साहू, संतोष महाराणा, राजेंद्र पंडा सहित आयोजन समिति के सदस्य एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

