CGPSC 2020 बैच के डिप्टी कलेक्टर निलंबित, महिला आरक्षक से दुष्कर्म का आरोप

CGPSC 2020 बैच के डिप्टी कलेक्टर निलंबित, महिला आरक्षक से दुष्कर्म का आरोप


🔴8 साल से प्रेम संबंध, तीन बार कराया गर्भपात


सीजी न्यूज़ ऑनलाइन, 20 फरवरी 2026। महिला आरक्षक से दुष्कर्म और शादी का झांसा देकर संबंध बनाने के आरोप में बालोद जिले में पदस्थ डिप्टी कलेक्टर दिलीप उइके को निलंबित कर दिया गया है। सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा की गई कार्रवाई की जानकारी आरटीआई के जरिए सामने आई है।
पीड़िता ने करीब छह महीने पहले डौंडी थाना क्षेत्र में एफआईआर दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि आरोपी ने शादी का वादा कर लंबे समय तक शारीरिक संबंध बनाए और तीन बार गर्भवती होने पर जबरन गर्भपात कराया।

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8 साल से थे संबंध
पीड़िता, जो छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल (CAF) में महिला आरक्षक है, ने बताया कि वर्ष 2017 में डौंडी स्थित आईटीआई में पढ़ाई के दौरान दोनों की पहचान हुई थी। धीरे-धीरे दोस्ती प्रेम संबंध में बदल गई। आरोप है कि दिलीप उइके ने शादी का वादा कर संबंध बनाए।
मार्च 2017 में पहली बार गर्भवती होने पर आरोपी ने पढ़ाई पूरी होने का हवाला देकर दवा के जरिए गर्भपात कराया। पीड़िता का दावा है कि इसके बाद भी दो बार गर्भपात कराया गया।
पढ़ाई और कोचिंग के लिए पैसे भेजने का आरोप
महिला आरक्षक के अनुसार अगस्त 2017 में उसकी पुलिस विभाग में नौकरी लग गई, जबकि आरोपी ने आगे की पढ़ाई जारी रखी। पीड़िता का कहना है कि वह हर महीने 4 से 5 हजार रुपये आरोपी के खाते में पढ़ाई और कोचिंग के खर्च के लिए भेजती रही।
आरोप है कि आरोपी ने उसके नाम से कार खरीदी और करीब 3 लाख रुपये अपने खाते में ट्रांसफर करवाए। नौकरी लगने के बाद भी शादी की बात टालता रहा और बाद में संपर्क बंद कर दिया।
2020 में बना डिप्टी कलेक्टर
दिलीप उइके ने वर्ष 2020 में छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) की परीक्षा उत्तीर्ण की और डिप्टी कलेक्टर पद पर नियुक्ति पाई। शिकायत के समय वह बीजापुर में पदस्थ थे।
पीड़िता का आरोप है कि लंबे समय तक कार्रवाई नहीं होने पर उसने सूचना के अधिकार (RTI) के तहत जानकारी मांगी, जिसके बाद निलंबन की पुष्टि हुई।
मामले में पुलिस जांच जारी है। प्रशासनिक स्तर पर भी विभागीय कार्यवाही की जा रही है।