CG Breaking News : फर्जी दस्तावेज तैयार कर जमीन विक्रय करने वाले उप पंजीयक, दो तहसीलदार तीन पटवारी सहित 10 के खिलाफ अपराध दर्ज

CG Breaking News : फर्जी दस्तावेज तैयार कर जमीन विक्रय करने वाले उप पंजीयक, दो तहसीलदार तीन पटवारी सहित 10 के खिलाफ अपराध दर्ज



सीजी न्यूज ऑनलाइन डेस्क 26 मई । जांजगीर चांपा जिले में तत्कालीन 2 तहसीलदार, 1 उप पंजीयक, 3 पटवारी समेत 10 लोगों के खिलाफ हमनाम व्यक्ति का सरनेम बदलकर जमीन बेच बेचने के मामले में न्यायालय आदेश पर अपराध दर्ज किया गया है। परिवाद के बाद कोर्ट ने FIR का आदेश दिया था, 2017 में कूटरचना कर जमीन का अंतरण करा लिया था, दूसरे को 5 लाख में जमीन बेच भी दी थी, चाम्पा तहसील के कुरदा गांव का मामला है। सभी 10 आरोपियों के खिलाफ धारा 420, 467, 468, 469, 471, 120-B, 34 के तहत चाम्पा थाना में केस दर्ज किया गया है।

न्यायालय श्रीमान न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी मैं तैयार परिवाद पर 17 अप्रैल 2023 को आदेश जारी किया गया था । प्रार्थी संजय कुमार पांडेय उम्र 46 वर्ष पिता बहोरन लाल पांडेय जाति ब्राम्हण निवासी ग्राम बेलसरी तहसील तखतपुर जिला बिलासपुर छ.ग. आवेदक विरुद्ध 01. संजय कुमार बरेठ उम्र 29 वर्ष पिता बहोरनलाल बरेठ निवासी ग्राम भांठापारा कुरदा तहसील चांपा जिला जजगीर-चांपा, 02 साहिल राज देवांगन उम्र 24 वर्ष पिता रूपेश कुमार देवांगन निवासी बरछापारा चांपा तहसील चांपा जिला जजगीर-चांपा, 03. संतोष देवांगन पिता जीवनलाल देवागन जाति कोष्टा निवासी भांठापारा चांपा तहसील व थाना चांपा जिला जजगीर-चांपा, 04. अभय पाण्डेय पिता गिरजारमन पांडेय जाति ब्राह्मण निवासी वार्ड नं. 27- जगदल्ला कालोनी चांपा तहसील व थाना चांपा जिला जांजगीर-चांपा, 05. अरविंद साहू तत्कालीन हल्का पटवारी ग्राम कुरदा, 06. युवराज पटेल प्रभारी पटवारी ग्राम कुरदा, 07. भूषण मरकाम तत्कालीन हल्का पटवारी ग्राम कुरदा, 08. डी.एस. उईके तत्कालीन तहसीलदार चांपा, 09. विजय कुमार दिडतुडुक उप पंजीयक चांपा, 10. श्रीमती सरस्वती बंजारे तत्कालीन तहसीलदार चांपा जिला जजगीर-चांपा । प्रार्थी द्वारा धारा 156 (3) द.प्र.सं. इस प्रकार है- प्रार्थी जिला बिलासपुर का निवासी है। कभी भी ग्राम कुरदा में निवास नहीं किया है तथा अपना जाति परिवर्तन भी नहीं किया है। आवेदक ग्राम कुरदा तहसील चांपा स्थित भूमि ख.नं. 1815/2 रकबा 0.15 ए. कुरदा सिवनी मुख्य मार्ग तथा दो दिशा में धरसा (रास्ता) से लगा हुआ जमीन को निरंजन कुमार पिता भागवत प्रसाद पांडेय से दिनांक 12.01.2006 को रूपये एक लाख 1,00,000/- रूपये में रजिस्ट्री बैनामा से क्रय कर हक सहित काबिज है और अपने नाम पर नामांतरण कराकर ऋण पुस्तिका क्र. पी 0255859 प्राप्त किया है। उक्त असल ऋण पुस्तिका आज भी आवेदक के पास मौजूद हैं। आवेदक अपनी उपरोक्त भूमि को किसी भी व्यक्ति के पास विक्रय अंतरण नहीं किया है और न ही विक्रय अंतरण हेतु अनावेदक क्र. 01 या किसी दीगर व्यक्ति को अधिकृत किया है।आवेदक के पास उक्त भूमि के असल ऋण पुस्तिका के मौजूदगी बाद भी अनावेदक क्र. 01 द्वारा बिना विधिक प्रक्रिया का पालन किये आवेदक की जानकारी बिना अनावेदक क्र. 05, 06, एवं 08 के सहयोग से स्वंम को संजय कुमार पिता बहोरन साकिन कुरदा बताते हुये फर्जी ऋण पुस्तिका क्र. पी 2441911 जारी कराया। जिसमें वर्ष 2015-16 के बी-1 मुताबिक खाता नं. 2106 अंकित कराया। जबकि ग्राम कुरदा में वर्ष 2015-16 में 2106 संख्या तक खाता ही नहीं है। उक्त कूटरचित एवं फर्जी ऋण पुस्तिका में अनावेदक क्र. 05 एवं 08 द्वारा तैयार कर हस्ताक्षर किया गया है। आवेदक के स्वामित्व के उक्त भूमि को अनावेदक क्र. 01 द्वारा विक्रय प्रयोजनार्थ स्थल पंचनामा / चौहद्दी हेतु आवेदन तत्कालीन तहसीलदार अनावेदक क्र. 10 से सांठगांठ करते हुये आदेश प्राप्त कर अनावेदकगण क्र. 07 से भी सांठगांठ कर दिनांक 20.03.2017 को फर्जी दस्तावेज स्थल पंचनामा तैयार कराया और अनावेदक क्र. 01 को उक्त भूमि का स्वामी के रूप में अनावेदक क्र. 03 एवं 04 के द्वारा पहचान तथा प्रमाणित करते हुये अनावेदक क्र. 02 के पास रूपये 5,00,000/- में फर्जी रूप से दिनांक 22.03.2017 को विक्रय विलेख का पंजीयन अनावेदक क्र. 09 के सहयोग से कराया। इस प्रकार उक्त अनाधिकृत एवं फर्जी व्यक्ति के द्वारा आवेदक के स्वामित्व की भूमि को सभी अनावेदकगण एकराय होकर संयुक्त रूप से अनावेदक क्र. 02 को लाभ पहुँचाने के उद्देश्य से फर्जी विक्रय पत्र रजिस्ट्री किये हैं। उक्त भूमि के विक्रय विलेख को आवेदक द्वारा निष्पादित नहीं किया गया है ना ही कोई राशि प्राप्त किया है। उक्त भूमि का विक्रय विलेख असल स्वामी आवेदक एवं उसके पिता का हम नाम दर्शाते हुये जो ग्राम कुरदा का निवासी नहीं है। वह अनावेदक क्र. 01 अपने आधार कार्ड दस्तावेज में कुटरचना कर अपने आपको भांठा पारा कुरदा का निवासी प्रदर्शित कर फर्जी व्यक्ति द्वारा आवेदक के स्वामित्व के भूमि का फर्जी रजिस्ट्री किया है। अनावेदक क्र.

01 ग्राम कुरदा का निवासी ही नहीं है इस संबंध में ग्राम सरपंच, ग्राम कोटवार एवं आम जनता द्वारा पंचनामा दिया गया है।अनावेदक क्र. 01 के द्वारा निष्पादित फर्जी रजिस्ट्री में अनावेदक क्र. 01 ने विक्रित भूमि को अपने स्वामित्व का बताया है। तदनुसार अनावेदक क्र. 07 के द्वारा अनावेदक क्र. 02 के नाम पर नामांतरण हेतु नामांतरण पंजी क्र. 26 में दिनांक 29.03.2017 को प्रविष्टि दर्ज किया और आवेदक को बिना सूचना दिए एवं नामांतरण नियमों का पालन किये बिना अनावेदक क्र. 10 के द्वारा दिनांक 26.04.2017 नामांतरण आदेश पारित कर रिकार्ड दुरूस्त कर दिया।आवेदक को अपने स्वामित्व की उक्त भूमि के संबंध में हुये उपरोक्त फर्जी कार्यवाही एवं संव्यवहार की जानकारी नहीं थी। बाद में एक अन्य मामला के दौरान जानकारी होने पर आवेदक अपनी भूमि के फर्जी व्यक्ति के द्वारा किये गये विक्रय अंतरण एवं नामांतरण के विरूध्द चांपा थाना एवं पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों से शिकायत करते हुये नामातरण के विरूध्द राजस्व अपील भी प्रस्तुत किया है अनावेदक क्र. 01 वास्तव में उक्त भूमि का स्वामी नहीं है इसके बाद भी उसे उक्त भूमि का असल स्वामी के रूप में अनावेदक क्र. 03 एवं 04 ने प्रमाणित किया और अनावेदक क्र. 03 एवं 04 के सहयोग से अनावेदक क्र. 01 ने अनावेदक क्र. 05 एवं 06 से सांठगांठ कर अपने नाम पर फर्जी ऋण पुस्तिका बनाकर अनावेदक क्र. 08 से उक्त ऋण पुस्तिका सत्यापित कराया। उसके बाद अनावेदक क्र. 07 एवं 10 से सांठगांठ कर आवेदक के भूमि का विक्रय प्रयोजनार्थ दस्तावेज प्राप्त कर अनावेदक क्र. 09 के जरिये अनावेदक क्र. 02 से रूपये 5,00,000/- रूपये प्राप्त कर आवेदक के भूमि का फर्जी बिक्री रजिस्ट्री किया गया। जिसमें अनावेदक क्र. 02 लाभान्वित है। इस प्रकार अनावेदकगण आपस में एक राय होकर आवेदक को नुकसान कारित करने के आशय से फर्जी एवं कूटरचित दस्तावेज तैयार करते हुये उपरोक्त भूमि का फर्जी विक्रय विलेख रजिस्ट्री दिनांक 22.03.2017 को किये है। इस प्रकार अनावेदकगण धारा 467, 468, 469, 471, 420 34 भा.द.वि. का अपराध कारित किया है।