सीजी न्यूज आनलाईन डेस्क, 15 जून। भारतीय कुश्ती संघ के पूर्व अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ दिल्ली पुलिस ने आज एक हजार पेज की दो चार्जशीट रॉउज एवेन्यू कोर्ट में दाखिल कर दी है। एक चार्जशीट 6 पहलवानों के आरोपों पर दाखिल की गई वहीं दूसरी नाबालिग के यौन शोषण के मामले में 550 पन्नों की क्लोजर रिपोर्ट है। इस मामले में पुलिस से बृजभूषण को क्लीन चिट मिल गई है।

आपको बता दें कि 7 महिला पहलवानों ने 21 अप्रैल को दिल्ली पुलिस में बृजभूषण के खिलाफ यौन उत्पीड़न की शिकायत की थी। इस मामले में दिल्ली पुलिस ने 28 अप्रैल को दो मामले दर्ज किए थे। पहला मामला 6 बालिग महिला पहलवानों की शिकायत पर था जबकि दूसरा केस नाबालिग की शिकायत पर दर्ज किया गया था।
नाबालिग पहलवान के केस में दिल्ली पुलिस ने कैंसिलेशन रिपोर्ट में कहा कि जांच में यौन शोषण के कोई सबूत नहीं मिले हैं इसलिए इस केस को बंद कर रहे हैं।

गौरतलब हो कि नाबालिग पहलवान ने बृजभूषण पर यौन शोषण के आरोप लगाए जरूर थे लेकिन बाद में बयान बदल दिए। नाबालिग पहलवान ने कहा कि उसका यौन शोषण नहीं बृजभूषण ने कुश्ती ट्रायल में भेदभाव किया था। इसके बाद नाबालिग पहलवान के दो बार कोर्ट में बयान दर्ज किए गए। इस मामले में अगली सुनवाई 4 जुलाई को होगी। इसके पूर्व गृह मंत्रालय से 28 मई को पहलवानों और उनके समर्थकों पर दर्ज केस वापसी को लेकर कोई फैसला लिया जा सकता है। भारतीय कुश्ती संघ की आंतरिक शिकायत समिति बनाकर किसी महिला को इसका अध्यक्ष बनाने की घोषणा हो सकती है। इसी कमेटी के सामने नाबालिग पहलवान से भेदभाव की शिकायत भेजी जा सकती है। खेल मंत्री की घोषणा के बाद चुनाव का शेड्यूल जारी हो चुका है। दो प्रशिक्षकों को एडहॉक कमेटी में शामिल कर लिया है। पहलवानों की संघर्ष कमेटी के अनुसार जांच रिपोर्ट उपयुक्त न मिलने पर आज शाम तक आंदोलन आगे बढ़ाने का ऐलान करेंगे। जगह और तारीख शाम को घोषित कर सकते हैं। जांच रिपोर्ट से संतुष्ट हुए तो सरकार से एशियाई खेलों के ट्रायल से संबंधित अपील कर सकते हैं। एडहॉक कमेटी की ओर से ट्रायल 20 से 25 जून तक कराने की संभावना है। पहलवान चाहते हैं कि ट्रायल के विजेता के साथ उनके नाम भी शामिल करें और अगस्त के पहले सप्ताह में ट्रायल के विजेताओं से उनका मुकाबला कराएं। बृजभूषण के खिलाफ आरोप लगाने वाली 6 महिला पहलवानों में से 4 ने दिल्ली पुलिस को ऑडियो और विजुअल सबूत मुहैया कराए थे। दिल्ली पुलिस के एक अफसर ने दावा किया कि दोनों शिकायतकर्ता ने पर्याप्त सबूत नहीं दिए, जो बृजभूषण के खिलाफ उनके आरोपों को साबित कर सकें। एक पहलवान अपने बयान से पलट गई है। हालांकि, दिल्ली पुलिस ने इस बयान की पुष्टि नहीं की है। पुलिस को 2 महिला रेसलर, एक इंटरनेशनल रेफरी और स्टेट लेवल कोच ने पहलवानों के समर्थन में गवाही दी है। इससे पहले रेसलर्स रेसलर बजरंग पूनिया और साक्षी मलिक की 7 जून को दिल्ली में खेल मंत्री अनुराग ठाकुर के साथ 6 घंटे मीटिंग हुई थी। मीटिंग के बाद रेसलर साक्षी मलिक ने कहा था कि सरकार ने जांच पूरी करने के लिए 15 जून तक का टाइम मांगा है। तब तक उन्हें किसी तरह के प्रदर्शन न करने की अपील की है। बृजभूषण की गिरफ्तारी के सवाल पर भी खेल मंत्री ने जांच पूरी होने और उसके आधार पर कार्रवाई और 15 जून तक मामले में पुलिस द्वारा चार्जशीट पेश करने की बात कही थी।

