🛑 दो जवान शहीद दो घायल
सीजी न्यूज आनलाईन डेस्क, 09 फरवरी। छत्तीसगढ़ में बीजापुर के जंगलों में सुरक्षाबलों के साथ हुए एनकाउंटर में 12 नक्सली मारे गए हैं। बस्तर पुलिस ने एनकाउंटर की पुष्टि की है, फिलहाल इलाके में सर्च ऑपरेशन जारी है। इस मुठभेड़ में दो जवान भी शहीद हुए हैं। जबकि दो जवान घायल हुए हैं। खबर है कि अभी तक 31 नक्सली मारे गए हैं यह संख्या और भी अधिक बढ़ सकती है।
आपको बता दें कि यह एनकाउंटर बीजापुर के नेशनल पार्क के अंतर्गत आने वाले जंगलों में किया गया है। बस्तर पुलिस के मुताबिक एनकाउंटर में 12 नक्सली मारे गए हैं। पूरे इलाके में फिलहाल सर्च ऑपरेशन जारी है। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इंद्रावती राष्ट्रीय उद्यान क्षेत्र के जंगल में रविवार सुबह उस समय मुठभेड़ शुरू हो गई जब सुरक्षाबलों का एक दल नक्सल विरोधी अभियान पर निकला था। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार मुठभेड़ में 12 नक्सली मारे गए हैं, क्षेत्र में अब भी रुक-रुक कर गोलीबारी जारी है। घटना के संबंध में विस्तृत जानकारी की प्रतीक्षा है।
वही बीजापुर SP जितेंद्र यादव ने कहा कि संख्या बढ़ रही, इसलिए अभी स्पष्ट नहीं बता पाएंगे कि कितना है। ये जरूर है कि बड़ा ऑपरेशन है। सफलता बड़ी मिली है। बीजापुर के नेशनल पार्क इलाके में सर्चिग जारी है। बड़ी संख्या में हथियार और विस्फोटक भी बरामद किए गए हैं।
इसके अलावा दोनों घायल जवानों की हालत खतरे से बाहर है। उन्हें हायर सेंटर में बेहतर इलाज के लिए भेजा जाएगा। इसके साथ ही अतिरिक्त बल को बैकअप के लिए भेजा गया है।
बस्तर IG सुंदरराज पी ने बताया कहा कि, माओवादियों की मौजूदगी की सूचना मिली थी, जिसके बाद फोर्स को मौके के लिए निकाला गया था। बीजापुर DRG, STF और बस्तर फाइटर्स के जवानों ने नक्सलियों को घेरा।
वहीं DIG कमलोचन कश्यप ने कहा कि, अभी जवानों से संपर्क नहीं हो पा रहा है। बड़ा ऑपरेशन है। संख्या स्पष्ट नहीं बता सकते, लेकिन इतना है कि नक्सलियों को बड़ा नुकसान हुआ है। नक्सलियों की मौत की संख्या बढ़ने की संभावना है।
गौरतलब हो कि 5 फरवरी को दंतेवाड़ा जिले में पांच महिला नक्सली समेत छह नक्सलियों ने सुरक्षाबलों के सामने आत्मसमर्पण कर दिया था। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जिले में चल रहे लोन वर्राटू (घर वापस आईये) अभियान से प्रभावित होकर पांच महिला नक्सली समेत छह नक्सलियों हुंगा उर्फ हरेन्द्र कुमार माड़वी (30 वर्ष), आयते मुचाकी (38 वर्ष), शांति उर्फ जिम्मे कोर्राम (28 वर्ष), हुंगी सोड़ी (29 वर्ष), हिड़मे मरकाम (30 वर्ष) और जोगी सोड़ी (35 वर्ष) ने सुरक्षाबलों के सामने आत्मसमर्पण किया है।
आत्मसमर्पण करने वाले नक्सली मलांगेर एरिया कमेटी के बुरगुम पंचायत में सक्रिय थे। नक्सलियों के खिलाफ सड़क खोदने, नक्सली बैनर, पोस्टर लगाने तथा अन्य घटनाओं में शामिल होने का आरोप है। अधिकारियों ने बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों को राज्य शासन की पुनर्वास नीति के तहत 25 हजार रूपये की सहायता राशि के साथ छत्तीसगढ़ शासन द्वारा मिलने वाली अन्य सुविधाएं जैसे 10 हजार रुपये की मासिक आर्थिक सहायता, तीन वर्ष तक निःशुल्क आवास तथा भोजन, कौशल विकास के लिए प्रशिक्षण, कृषि भूमि आदि मुहैया कराई जाएगी। उन्होंने बताया कि लोन वर्राटू अभियान के तहत अब तक 212 इनामी सहित कुल 900 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है।

