हेमचंद यादव विश्वविद्यालय पूरक परीक्षाएं 20 अगस्त से, बीबीए षष्ठम् सेमेस्टर का परीक्षा परिणाम 61%, 15000 सीटें अभी भी खाली, 12 अगस्त तक खुला प्रवेश पोर्टल

<em>हेमचंद यादव विश्वविद्यालय पूरक परीक्षाएं 20 अगस्त से, बीबीए षष्ठम् सेमेस्टर का परीक्षा परिणाम 61%, 15000 सीटें अभी भी खाली, 12 अगस्त तक खुला प्रवेश पोर्टल</em>


दुर्ग 26 जुलाई । हेमचंद यादव विश्वविद्यालय दुर्ग में बीबीए षष्ठम सेमेस्टर के परिणाम आज घोषित कर दिये गये। परीक्षा परिणाम 61 प्रतिशत रहा। यह जानकारी देते हुए विश्वविद्यालय के परीक्षा उपकुलसचिव, डाॅ. राजमणि पटेल ने बताया कि विश्वविद्यालय द्वारा अगामी सप्ताह में 10 से अधिक परीक्षा परिणाम घोषित किये जाने की आशा है। डाॅ. पटेल ने जानकारी दी कि विश्वविद्यालय की पूरक परीक्षा में शामिल होने हेतु अधिसूचना जारी कर दी गई है। परीक्षार्थी 24 जुलाई से 07 अगस्त तक ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। पूरक परीक्षा आयोजन की सम्भावित तिथि 20 अगस्त है । परन्तु पूरक परीक्षा आयोजन की वास्तविक तिथि का निर्धारण कुलपति द्वारा गठित परीक्षा समिति द्वारा किया जायेगा। परीक्षार्थी अपनी तैयारी जारी रखे।

विश्वविद्यालय के अधिष्ठाता छात्र कल्याण, डाॅ. प्रशांत श्रीवास्तव ने बताया कि विश्वविद्यालय द्वारा स्नातक एवं स्नातकोत्तर स्तर पर प्रथम वर्ष में विष्णु पोर्टल 12 अगस्त तक खुला रहेगा। जो भी विद्यार्थी किसी महाविद्यालय में रमेश लेना चाहते है वें तत्काल प्रवेश प्रक्रिया पूर्ण कर प्रवेश लेवे। डाॅ. श्रीवास्तव ने बताया कि कुछ महाविद्यालयों ने अपने किसी-किसी संकाय की पूरी सीटें भर जाने की जानकारी दी है । ऐसे महाविद्यालयों की उन संकाय की कक्षाओं को प्रवेश पोर्टल से हटाया जा रहा है और भी ऐसे महाविद्यालय जिनके यहां प्रवेश की सभी सीटें भर चुकी है वें भी विश्वविद्यालय के उपकुलसचिव, डाॅ. राजमणि पटेल से संपर्क कर अपना पोर्टल बंद करा सकते हैं।

डाॅ. श्रीवास्तव ने बताया कि विभिन्न महाविद्यालयों से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार प्रथम वर्ष में रमेश हेतु उपलब्ध लगभग 51 हजार सीटों में से 36 हजार सीटों में प्रवेश हो चुका है तथा वर्तमान में लगभग 15 हजार सीटें प्रवेश हेतु उपलब्ध है। स्नातकोत्तर स्तर पर अधिकांश महाविद्यालयों में सीटें लगभग 60 से 75 प्रतिशत तक भर चुकी है। डाॅ. श्रीवास्तव ने जानकारी दी कि ऐसे छात्र-छात्राएं जो परीक्षा में बैठे थें परन्तु उनके परीक्षा परिणाम में किसी विषय में अनुपस्थित दर्शाया गया है । उन सभी के द्वारा विश्वविद्यालय में आवेदन किये जाने पर प्रकरण का शीघ्र निराकरण किया जा रहा है यह मूल रूप से परीक्षार्थी द्वारा अपना गलत रोलनंबर लिखने अथवा गलत विषय का चयन करने के कारण हुआ है। अबतक विश्वविद्यालय ने ऐसे 900 से अधिक प्रकरणों का निपटारा कर दिया है। आने वाले सप्ताह में सभी प्रकरण का निदान हो जाने की आशा है। इस बीच विद्यार्थी द्वारा किए गए पुर्नगणना एवं पुर्नमूल्यांकन के नतीजे आना आरंभ हो गये है। विद्यार्थियों को अपने परीक्षा परिणाम घोषित होने के 15 दिन के अंदर पुर्नगणना तथा पुर्नमूल्यांकन हेतु आनलाईन आवेदन करना अनिवार्य है।