भिलाई नगर, 17 फरवरी। कल मध्यप्रदेश के सिहोर में रूद्राक्ष लेने पहुंचे लगभग 10 लाख लोगों में छत्तीसगढ़ से भी अनेक श्रद्धालु भीड़ में भटक गए हैं। अब तक छत्तीसगढ़ के भिलाई सहित अन्य राज्य से तीन महिलाओं के लापता होने की खबर प्रशासन को मिली है। दुर्ग एसपी डाक्टर अभिषेक पल्लव ने बताया कि भिलाई की लापता महिला या उनके परिजनों से कोई ऐसी सूचना दुर्ग पुलिस को नहीं दी गई है। संभवत: मध्यप्रदेश प्रशासन या सिहोर पुलिस को भिलाई से गए लोगों के परिजनों ने जानकारी दी हो।
बताया जा रहा है कि श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़ को देखते हुए आयोजन स्थल पर एक दिन पहले ही श्रद्धालुओं को रुद्राक्ष बांटना शुरु कर दिया गया था। गुरुवार को यहां करीब 10 लाख से ज्यादा लोग पहुंच चुके हैं और देखते ही देखते कथा वाचक पंडित प्रदीप मिश्रा के रुद्राक्ष महोत्सव को लेकर बवाल मच गया है। पिछले 14 घंटों से इंदौर भोपाल हाईवे पूरी तरह से जाम पड़ा है। भारी भीड़ के कारण अब तक 3 हजार लोगों के बीमार हो जाने, 2 महिला की मृत्यु और भिलाई छत्तीसगढ़ की एक महिला सहित तीन महिलाओं के लापता हो जाने के समाचार मिले हैं। लापता महिलाओं में एक महिला छत्तीसगढ़ के भिलाई की, दूसरी राजस्थान के गंगापुर और तीसरी महाराष्ट्र के बुलढाणा की रहने वाली है। खबर मिली है कि कल सुबह 10 बजे तक 5 लाख श्रद्धालुओं को रुद्राक्ष बांटे गए। एक दिन पहले भी डेढ़ लाख रुद्राक्ष बांटे गए थे। रूद्राक्ष बांटने 40 काउंटर बनाए गए हैं। लोग इस महोत्सव में लाखों की संख्या में पहुंचे हैं। आलम यह है कि प्रशासन से इतनी भीड़ संभाली नहीं जा रही है। लोगों को यहां दर्शन करने और रुद्राक्ष महोत्सव से रुद्राक्ष लेने के लिए धूप में 10-10 घंटे तक खड़ा होना पड़ रहा है, धूप में खड़े होने की वजह से लोगों को चक्कर आ रहे हैं, जिस कारण अब तक 3 हजार से ज्यादा लोगों को अस्पताल में भर्ती करना पड़ा है।
मिली जानकारी के अनुसार सिहोर के कुबेश्वर धाम में आज से सात दिवसीय रुद्राक्ष महोत्सव और शिव महापुराण कथा की शुरुआत हो रही है। लाखों की संख्या में लोग रुद्राक्ष महोत्सव में रुद्राक्ष लेने के लिए पहुंचे हैं। लोगों की भीड़ इतनी अधिक थी कि 3-5 किमी से भी अधिक लंबी लाइन लगी थी। बताया जा रहा है कि इस लंबी लाइन में दो लाख से ज्यादा लोग खड़े थे।
कुबेरेश्वर धाम में महाराष्ट्र के नासिक के मालेगांव से आई मंगला बाई (50 वर्ष) की तबियत अचानक खराब हो गई। उसे चक्कर आया और वह गिर पड़ी और उसकी मौत हो गई। मंडी थाना एएसआई धर्म सिंह वर्मा ने बताया कि मंगला बाई रुद्राक्ष लेने के लिए कतार में लगी हुई थी, तभी चक्कर खाकर गिर गई। छत्तीसगढ़ के भिलाई, राजस्थान के गंगापुर और महाराष्ट्र के बुलढाणा की रहने वाली तीन महिलाएं लापता हैं। वहीं, पंडित प्रदीप मिश्रा ने कहा कि जो लोग कुबेरेश्वर धाम रुद्राक्ष के लालच में आ रहें हैं, तो वे न आएं। टिकट कैंसिल करा लें। यहां आना है तो महादेव के लिए आएं। उनसे क्या मिलेगा, उसकी लालसा में आओ। रुद्राक्ष के लिए आने की शेष आवश्यकता नहीं है।
हाईवे पर सुबह से देर शाम तक लंबा जाम लगा रहा। श्रद्धालु करीब 10 से 15 किमी पैदल चलकर धाम पहुंचे। बढ़ती भीड़ के कारण जहां 1 दिन पहले ही रुद्राक्ष वितरण शुरू कर दिया
गया था, उसे अब रोक दिया गया है। सिहोर से जाने वाले श्रद्धालुओं को चौपाल पर ही वाहनों से उतार दिया गया और यहां से आगे गाड़ियों को रोक दिया गया है। पुलिस और प्रशासन की टीम के अलावा आरएसएस, बजरंग दल, स्थानीय लोग, समिति सदस्य सहित कुल 15 हजार लोग व्यवस्थाएं संभाल रहे हैं। इनकी तैनाती कथा पंडाल, भोजन पंडाल, रुद्राक्ष वितरण केंद्र पर की गई है। पैदल चलने वाले श्रद्धालु खेतों की पगडंडियों से होते कथा स्थल पर पहुंच रहे हैं। धाम पर पहुंचने वाले श्रद्धालुओं ने श्मशान घाट पर ही अपना डेरा जमा लिया है।
रूद्राक्ष लेने गई भिलाई की महिला समेत 3 की खबर नहीं, भगदड़ मचने से लाखों भक्त तितर-बितर, 16 घंटे से हाईवे जाम, 3 हजार लोग बीमार, 2 की मौत

