भिलाई में जिले का पहला विद्युत शव दाह गृह 52 लाख की लागत से हुआ तैयार

भिलाई में जिले का पहला विद्युत शव दाह गृह 52 लाख की लागत से हुआ तैयार



🟦 एक घंटे में सम्पन्न होगी अंतिम संस्कार प्रक्रिया
भिलाई नगर, 13 अक्टूबर। नगर पालिक निगम भिलाई के रामनगर मुक्तिधाम में जिले का पहला विद्युत शवदाह गृह बनकर तैयार हो गया है। मशीन और ट्रांसफॉर्मर भी लग चुकी है, बस कुछ काम बाकी है, जिसे जल्द ही पूरा कर विद्युत शवदाह की सुविधा यहां प्रारंभ कर दी जाएगी। यह आधुनिक विद्युत शवदाह गृह भिलाई में अपने तरह का पहला शवदाह गृह होगा ।
नगर निगम आयुक्त रोहित व्यास ने बताया कि विद्युत शवदाह गृह बन जाने से लोगों को अंतिम संस्कार की प्रक्रिया में आसानी होगी। इसके लिए लकड़ी, उपले और अन्य सामग्री की व्यवस्था नहीं करनी होगी। मशीन के अंदर शव को डालने के आधे घंटे बाद ही मृत शरीर जल जाएगा और परिजनों को अस्थियां मिल जाएंगी। लकड़ी से जलाकर अंतिम संस्कार करने पर दिन में केवल 8 से 10 शवदाह ही हो पाते थे। बारिश के दिनों में लकड़ी उपले भींग जाने से काफी परेशानी होती थी। विद्युत शवदाह गृह चालू होने जाने से ये सारी परेशानियां खत्म हो जाएंगी। इसके चालू होने में कुछ प्रक्रिया शेष रह गई है जिसे जल्द ही पूरा किया जा रहा है।
गौरतलब हो कि विद्युत शवदाह गृह बन जाने से लोगों को अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरा करने में अब कई घंटे का समय नहीं लगेगा और एक घंटे के अंदर पूरा प्रोसेस हो जाएगा। लकड़ी और कंडे के अभाव में भी इसकी प्रक्रिया जारी रहेगी और कम मात्रा में लकड़ी और कंडे की खपत होगी। इस विद्युत शवदाह गृह के निर्माण में 52 लाख रुपए खर्च हुए हैं। इसके संचालन और देखरेख के लिए एजेंसी 2 साल तक काम करेगी। इससे संबंधित प्रशिक्षण भी कर्मचारियों को दिया जाएगा।