फॉरेक्स ट्रेडिंग में मुनाफे का झांसा दे 18.63 लाख की धोखाधड़ी, आरोपी गिरफ्तार

फॉरेक्स ट्रेडिंग में मुनाफे का झांसा दे 18.63 लाख की धोखाधड़ी,  आरोपी गिरफ्तार


🛑Finvision Training Institute के संचालन और खर्चों के नाम पर ली गई थी रकम, सुपेला पुलिस ने न्यायिक रिमांड पर भेजा

भिलाईनगर, 19 अक्टूबर 2026। फॉरेक्स ट्रेडिंग में निवेश और अच्छा मुनाफा दिलाने का प्रलोभन देकर 18.63 लाख रुपये की कथित धोखाधड़ी के मामले में दुर्ग जिले की सुपेला पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान मीनल चौहान (35 वर्ष), निवासी मदर टेरेसा नगर, ओम शांति चौक के पास, भिलाई के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। मामले में एक कार भी जब्त की गई है।

संस्थान के संचालन के नाम पर ली गई रकम

पुलिस के अनुसार, प्रार्थी अक्षय राठौर कृषि व्यवसाय से जुड़े हैं। एक परिचित के माध्यम से उनकी पहचान मीनल चौहान से हुई थी। आरोप है कि मीनल ने रायपुर के करेंसी टावर, वीआईपी चौक में Finvision एवं Finvision Training Institute के नाम से फॉरेक्स और ट्रेडिंग प्रशिक्षण संस्थान शुरू करने तथा इसमें निवेश करने पर अच्छा मुनाफा मिलने की बात कही थी।

शिकायत के मुताबिक, दिसंबर 2025 से जून 2026 के बीच संस्थान के संचालन, कर्मचारियों के वेतन, कार्यालय किराया, मेंटेनेंस, विज्ञापन, सोशल मीडिया प्रचार-प्रसार और अन्य जरूरी खर्चों के लिए अलग-अलग बैंक खातों के माध्यम से कुल 21,96,675 रुपये उपलब्ध कराए गए थे। इसमें से लगभग 3,33,000 रुपये वापस किए गए, जबकि शेष 18,63,675 रुपये बकाया होने की शिकायत दर्ज कराई गई।

सुपेला थाने में अपराध दर्ज

प्रार्थी ने 18 सितंबर 2026 को थाना सुपेला में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने अपराध क्रमांक 1389/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 318(4) और 351(3) में मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की।

पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए मीनल चौहान को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया। पुलिस का कहना है कि शिकायत और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मामले की विवेचना की जा रही है।

निवेश से पहले जांच करने की अपील

दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि फॉरेक्स ट्रेडिंग या किसी भी व्यवसाय में निवेश करने से पहले संबंधित संस्था की वैधानिकता, पंजीयन और निवेश संबंधी शर्तों की जांच करें। अधिक मुनाफे के लालच में बिना सत्यापन के रकम हस्तांतरित न करें तथा बैंक लेन-देन से जुड़े दस्तावेज और अन्य साक्ष्य सुरक्षित रखें। धोखाधड़ी की आशंका होने पर तत्काल नजदीकी थाने या साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर सूचना दें।

इस कार्रवाई में थाना सुपेला प्रभारी निरीक्षक एस.एन. सिंह, सहायक उपनिरीक्षक राजेश तिवारी, आरक्षक गौरव दुबे और आरक्षक किशोर भगत की भूमिका रही।