कोरोना की तीसरी लहर? 24 घंटों में 47 हजार 92 नए मामले, 500 मरीजों की हुई मौत
दिल्ली, 2 सितंबर। बीते 24 घंटे में एक बार फिर से कोरोना के नए मामले 47 हजार के पार हो गए हैं। वहीं, करीब 500 मरीजों ने संक्रमण के कारण अपनी जान भी गंवाई है। इससे पहले बुधवार को भी कोरोना के नए मामले 40 हजार से ज्यादा थे। चिंता की बात यह है कि अब ठीक होने वालों की संख्या नए मरीजों से कम है और वहीं एक्टिव केस भी लगातार बढ़ने लगे हैं। ताजा आंकड़ों के मुताबिक, एक दिन में देश के अंदर कोरोना के 47 हजार 92 नए मामले आए हैं।
देश में एक्टिव मामलों की संख्या भी बढ़कर 3 लाख 89 हजार 583 पर पहुंच गयी है। इस अवधि में कोरोना के 35 हजार 181 मरीज ठीक हुए हैं। कोरोना महामारी को खत्म करने के लिए दुनिया भर के कई देश अपने यहां वैक्सीनेशन पर जोर दिए हैं, लेकिन कोरोना वायरस में होने वाला नया म्युटेशन हर समय एक चुनौती खड़ी कर दे रहा है। बता दें कि दुनिया में कोरोना वायरस के नया म्युटेशन B.1.621 को लेकर एक बड़ी और अहम जानकारी मिली है। आपको बता दें कि विश्व स्वास्थ्य संगठन कोरोना वायरस के नए वेरिएंट B.1.621 को मॉनिटर कर रहा है और इसे WHO ने इसे महामारी घोषित कर दिया है। WHO का कहना है कि इस नए वैरिएंट पर कोरोना वैक्सीन का असर कम हो सकता है। इसके साथ ही यह भी बताया कि वह इस म्युटेशन की प्रकृति और संक्रामकता पर नजर बनाए हुए है। पिछले दिनों WHO ने कहा है कि कोरोना का यह नया वैरिएंट B.1.617 पहली बार भारत में दिसंबर में पाया गया था। इसके साथ ही ओरिजिनल वेरिएंट से यह अधिक संक्रामक है। कोरोना पर काम करने वाली डब्ल्यूएचओ टीम की सदस्य और वैज्ञानिक मारिया वान केरकोव ने कहा था कि कोरोना का यह नया B.1.617 वेरिएंट बहुत तेजी से आबादी में फैल सकता है और इस पर वैक्सीन का असर भी कम हो सकता है। WHO ने कोरोना वेरिएंट पर जानकारी देते हुए कहा है कि यह नया म्यूटेशन कोरोना की वैक्सीन को लगाने के बाद भी इसके असर को कम कर सकता है और अभी इस वैरिएंट पर और रिसर्च की जरूरत है। इसके साथ ही एक्सपर्ट को इस वैरिएंट के उभरने से इस बात की चिंता है कि कोरोना के नए मामलों में तेजी आ सकती है। इससे पहले डेल्टा वैरिएंट के कारण कोरोना के मामलों में तेजी देखने को मिल रही है।

