छत्तीसगढ़ विधानसभा में 10,617 करोड़ से अधिक की अनुदान मांगें पारित

छत्तीसगढ़ विधानसभा में 10,617 करोड़ से अधिक की अनुदान मांगें पारित


🔴मुख्यमंत्री ने विकास का रखा खाका

सीजी न्यूज़ ऑनलाइन, 18 मार्च 2026। Vishnu Deo Sai के विभागों से संबंधित 10 हजार 617 करोड़ 73 लाख रुपए से अधिक की अनुदान मांगें विधानसभा में पारित कर दी गईं। इनमें सामान्य प्रशासन, जल संसाधन, ऊर्जा, खनिज, आईटी, विमानन और जनसंपर्क समेत कई विभागों के लिए बजट प्रावधान शामिल हैं।
विधानसभा में चर्चा के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार “संकल्प” की भावना के साथ छत्तीसगढ़ के समग्र विकास की दिशा में कार्य कर रही है। उन्होंने बताया कि पारदर्शी बजट प्रबंधन और डिजिटल गवर्नेंस के जरिए भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाते हुए जनकल्याण योजनाओं में सीधे धन खर्च किया जा रहा है।

सिंचाई और ग्रामीण विकास पर जोर

मुख्यमंत्री ने बताया कि पिछले दो वर्षों में 11,107 करोड़ रुपए की सिंचाई परियोजनाएं स्वीकृत की गई हैं, जिससे 25 हजार हेक्टेयर सिंचाई क्षमता विकसित हुई है। साथ ही 115 परियोजनाओं के पूर्ण होने पर 76 हजार हेक्टेयर क्षेत्र को लाभ मिलेगा।

नक्सल क्षेत्रों में विकास की रोशनी

उन्होंने कहा कि नक्सल प्रभावित इलाकों में भी तेजी से विकास हो रहा है। “नियद नेल्ला नार” योजना के तहत 158 गांवों का शत-प्रतिशत विद्युतीकरण किया जा चुका है। मुख्यमंत्री ने इसे लोकतंत्र की बड़ी जीत बताया।

ऊर्जा और निवेश में तेजी


राज्य की विद्युत क्षमता 30 हजार मेगावाट तक पहुंच चुकी है। ऊर्जा क्षेत्र में बड़े निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं और सोलर व अन्य परियोजनाओं को बढ़ावा दिया जा रहा है। आम उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए विभिन्न योजनाओं में हजारों करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।

खनिज क्षेत्र में बढ़ा राजस्व, पारदर्शिता पर जोर

मुख्यमंत्री ने बताया कि खनिज राजस्व में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है और इसे जनकल्याणकारी योजनाओं में लगाया जा रहा है। खनन में पारदर्शिता लाने के लिए ऑनलाइन पोर्टल और ई-नीलामी व्यवस्था लागू की गई है, साथ ही पर्यावरण संतुलन को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।

डिजिटल गवर्नेंस और आईटी पर फोकस

राज्य में आईटी और एआई के क्षेत्र में 417 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। एआई मिशन के तहत शैक्षणिक संस्थानों में आधुनिक लैब और सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित किए जाएंगे। ई-ऑफिस और ई-एचआरएमएस जैसी व्यवस्थाओं से प्रशासनिक कार्यप्रणाली में पारदर्शिता और तेजी आई है।

एविएशन और कनेक्टिविटी में विस्तार

रायपुर, बिलासपुर, जगदलपुर और अंबिकापुर एयरपोर्ट के विस्तार पर काम जारी है। बिलासपुर एयरपोर्ट के अपग्रेडेशन से नाइट लैंडिंग सुविधा शुरू होगी, जबकि सीजी वायु योजना के तहत हवाई सेवाओं का विस्तार किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मंत्रालय से लेकर मैदानी स्तर तक कार्य संस्कृति में सकारात्मक बदलाव आया है और सरकार विकसित छत्तीसगढ़ के लक्ष्य की ओर तेजी से बढ़ रही है।