बैंक के लाॅकर रूम में 18 घंटे बंद रहा 84 साल का बुजुर्ग, भूखे पेट बिताई पूरी रात
हैदराबाद, 30 मार्च। 84 साल के एक बुजुर्ग व्यक्ति को बैंक की लापरवाही के कारण लाॅकर रूम में 18 घंटे भूखे प्यासे रहना पडा़, जैसे ही पुलिस को जानकारी मिली वह तुरंत बुजुर्ग व्यक्ति को बचाने के लिए बैंक पहुँची। पुलिस ने बताया कि बुजुर्ग को बैंक के लॉकर रूम के अंदर लगभग 18 घंटे (सोमवार को शाम 4.40 बजे से मंगलवार सुबह 10.30 बजे तक) बीताने पड़े। पुलिस जब उनके पास पहुंची तो उन्हें बेहोशी की हालत में पाया। उन्हें एक नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। बुजुर्ग सोमवार शाम को अपना लॉकर खोलने के लिए बैंक गया लेकिन बैंक के कर्मचारियों ने उसे नोटिस नहीं किया और परिसर को बंद कर दिया और उन्हें बैंक के अंदर छोड़ दिया।

जुबली हिल्स पुलिस थाने के निरीक्षक एस राजशेखर रेड्डी ने कहा कि डायबिटीज से पीड़ित बुजुर्ग के घर नहीं लौटने पर उसके परिवार के सदस्यों ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद गुम होने का मामला दर्ज किया गया। पुलिस ने जांच के दौरान और सीसीटीवी फुटेज की पुष्टि के बाद सोमवार शाम को जुबली हिल्स चेक पोस्ट क्षेत्र से गुजरते हुए और बैंक परिसर में प्रवेश करते हुए बुजुर्ग को देखा। बैंक परिसर को बंद करने के बाद सभी कर्मचारी चले गए लेकिन बुजुर्ग व्यक्ति को बाहर नहीं पाया। बाद में पुलिस इस नतीजे पर निकली कि बुजुर्ग व्यक्ति बैंक के अंदर ही थे। बाद में पुलिस की एक टीम ने मंगलवार को बैंक का दौरा किया और बैंक अधिकारियों से लॉकर रूम खोलने के लिए कहा। जिसके बाद बुजुर्ग व्यक्ति को अस्पताल भेज दिया गया। बुजुर्ग व्यक्ति बैंक में अपना फोन नहीं ले जा पाए थे और उसे अपने घर में ही भूल गए थे। अधिकारी ने आगे कहा कि वे घटना के संबंध में कथित लापरवाही के लिए बैंक कर्मचारियों के खिलाफ मामला दर्ज करने की प्रक्रिया में हैं। विदित हो कि सोमवार यूनियन बैंक के लॉकर्स रूम में बुजुर्ग गलती से बंद कर दिया गया था, सीसीटीवी कैमरों की पुष्टि के बाद जुबली हिल्स पुलिस ने उन्हें सफलतापूर्वक बचाया है, अस्पताल में बुजुर्ग की हालत स्थिर बताई गई है।

